वीडियो जानकारी: 27.12.2020, आमने सामने शिविर, ऋषिकेश, उत्तराखंड, भारत
प्रसंग:
~ वर्णीय कौन हैं? किसका वरण करें?
~ ऋषियों ने क्यों कहा है कि सत्य मात्र वरणीय है?
~ हम झूठ को छोड़ क्यों नहीं पाते?
~ 'परमात्मा ही वरणीय है, और मत चुनो किसी को' इस सूत्र का क्या अर्थ है?
~ क्या सत्य चिंतन से प्राप्त हो सकता है?
संगीत: मिलिंद दाते
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