पचमढ़ी में जिस स्थान पर महादेव ने छोड़ा था त्रिशूल, वहां मन्नत के त्रिशूल अर्पित करने आते हैं भक्त, महाशिवरात्रि पर पहुंचे एक लाख श्रद्धालु.