बूंदी की पहाड़ियों में कृष्ण-बलराम, अश्वमेध यज्ञ और ब्राह्मी अभिलेख वाले प्राचीन शैलचित्र मिले, जो राजस्थान के इतिहास को नई दिशा दे रहे हैं.