चंद्रयान-2 और चंद्रयान-3 की सफलता के बाद ISRO अब चंद्रयान-4 और चंद्रयान-5 मिशनों की तैयारी में जुट गया है. ISRO के NRSC डायरेक्टर डॉ. प्रकाश चौहान के मुताबिक, चंद्रयान-4 एक “सैंपल रिटर्न मिशन” होगा, जिसके तहत चंद्रमा की मिट्टी और चट्टानों के नमूने भारत लाए जाएंगे. इस मिशन का लक्ष्य वर्ष 2028 रखा गया है. वहीं चंद्रयान-5 मिशन जापान की अंतरिक्ष एजेंसी JAXA के साथ मिलकर लॉन्च किया जाएगा, जिसका उद्देश्य चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर पानी, बर्फ और अन्य संसाधनों की खोज करना है. चंद्रयान-2 के ऑर्बिटर ने पहले ही चंद्रमा पर बर्फ और पानी के मजबूत संकेत दिए हैं। ISRO अब चंद्र अनुसंधान में अगला बड़ा कदम उठाने की तैयारी कर रहा है.