झालावाड़ पुलिस ने बूंदी, टोंक और मुंबई पुलिस के सहयोग से संयुक्त अभियान चलाया. नाबालिगों को फर्जी दस्तावेज के जरिए उम्र बढ़ाकर बेचते थे.