अमरनाथ तीर्थ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होने वाली है. इसको देखते हुए जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. यात्रा मार्गों पर कई स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की गई है. सुरक्षा एजेंसियों को दर्जनों विदेशी आतंकवादियों की मौजूदगी और धार्मिक यात्रा में बाधा डालने की संभावित कोशिशों के खुफिया इनपुट मिले हैं. सुरक्षा एजेंसियों से मिली जानकारी के मुताबिक, जम्मू-कश्मीर में वर्तमान में करीब 45 विदेशी आतंकवादी सक्रिया हैं. माना जा रहा है कि इनमें से 36 आतंकवादी अमरनाथ यात्रा के मार्ग में अव्यवस्था फैलाने की फिराक में है, जिससे अधिकारियों को दो महीने लंबी इस तीर्थयात्रा के लिए सुरक्षा तंत्र को काफी मजबूत करना पड़ा है. अधिकारियों ने कहा कि खुफिया आकलन से पता चलता है कि आतंकवादी जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े हैं, और खबर है कि उन्होंने अफगानिस्तान की सीमा पर मौजूद कैंपों में ट्रेनिंग ली है.