कोसी की बाढ़ को फणीश्वर नाथ रेणु ने आपदा नहीं, बल्कि बिहार के लोकजीवन-जिजीविषा और संघर्ष-संस्कृति का जीवंत दस्तावेज में बदल दिया. रिपोर्ट- बृजम पांडेय