अंतरराष्ट्रीय योग दिवस से पहले जम्मू में आयोजित एक विशेष योग सत्र ने सामाजिक सद्भाव और एकता का संदेश दिया . एनजीओ ‘सहयोगधारा’ द्वारा आयोजित कार्यक्रम में विभिन्न धर्मों की महिलाओं और युवतियों ने भाग लिया, जिनमें मुस्लिम समुदाय की लड़कियों की संख्या भी उल्लेखनीय रही. प्रतिभागियों ने योग को शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए लाभकारी बताते हुए कहा कि इससे तनाव, चिंता और कई स्वास्थ्य समस्याओं को नियंत्रित करने में मदद मिलती है. आयोजन के दौरान विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया कि योग किसी धर्म विशेष से जुड़ा नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली का माध्यम है. कार्यक्रम में योग को लोगों को जोड़ने वाली शक्ति के रूप में प्रस्तुत किया गया. देशभर में 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाएगा.